Menu Close
Quick Links
LATEST POSTS
|11th Chemistry Chapter 5 ऊष्मागतिकी | Thermodynamics PDF Notes|11th Chemistry Chapter 4 रासायनिक आबंधन तथा आण्विक संरचना PDF Notes|11th Chemistry Chapter 3 तत्त्वों का वर्गीकरण एवं गुणधर्मों में आवर्तिता PDF Notes|11th Chemistry Chapter 2 परमाणु की संरचना | Structure of Atom PDF Notes|11th Chemistry Chapter 1 Basic Concepts of Chemistry | रसायन विज्ञान की कुछ मूल अवधारणाएँ PDF Notes|MP GK Quiz | मध्य प्रदेश सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी|12th Chemistry Sample Paper 2027|12th Physics Sample Question Paper 2027|वाच्य-परिवर्तनम् | कर्तृवाच्य, कर्मवाच्य एवं भाववाच्य|कारक-विभक्ति एवं क्रिया-संशोधनम्|कः कम् प्रति कथयति|विशेषणम्-विशेष्यम्, पर्यायपदानि एवं विलोमपदानि|शेमुषी भाग-2 कक्षा 10 संस्कृत एकपदेन उत्तरत|प्रत्यय प्रकरणम्|12th English Important Questions|सन्धिः एवं समासः संस्कृत व्याकरण अभ्यास|लकार एवं उपसर्ग (रिक्त स्थान, युग्म मेलन/मैचिंग और आम्/न)|12th Political Science Chapter 15 भारतीय राजनीति : नए बदलाव PDF Notes|12th Political Science Chapter 14 क्षेत्रीय आकांक्षाएँ PDF Notes|12th Political Science Chapter 13 लोकतांत्रिक व्यवस्था का संकट PDF Notes

12th Home Science Chapter 5 | भोज्य समूह, कुपोषण, ऊर्जा प्रश्न एवं उत्तर

1. भोज्य समूह क्या है?
उत्तर: भोज्य समूह उन खाद्य पदार्थों का वर्गीकरण है जो एक समान पोषक तत्व प्रदान करते हैं।

2. ऊर्जा के दो स्रोत लिखिए।
उत्तर: कार्बोहाइड्रेट और वसा।

3. कुपोषण से होने वाला एक रोग लिखिए।
उत्तर: क्वाशियोरकर।

4. अल्पपोषण और अतिपोषण में अंतर बताइए।
उत्तर:

  • अल्पपोषण: आवश्यक पोषक तत्वों की कमी।
  • अतिपोषण: आवश्यकता से अधिक पोषण।

5. शरीर में ऊर्जा की आवश्यकता क्यों होती है?
उत्तर: दैनिक कार्य, अंगों की गतिविधि और तापमान बनाए रखने के लिए।

6. भोज्य समूहों के नाम लिखकर उदाहरण दीजिए।

उत्तर: भोज्य समूह ऐसे खाद्य पदार्थों का वर्गीकरण होते हैं जो समान पोषक तत्व प्रदान करते हैं। मुख्य भोज्य समूह इस प्रकार हैं:

  1. ऊर्जा देने वाले पदार्थ:
    • उदाहरण: चावल, गेहूं, आलू, घी, तेल, शक्कर
    • यह समूह मुख्य रूप से शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है।
  2. शरीर बनाने वाले पदार्थ:
    • उदाहरण: दाल, मांस, दूध, अंडे, पनीर
    • यह शरीर की वृद्धि और मरम्मत के लिए आवश्यक होते हैं।
  3. सुरक्षात्मक पदार्थ:
    • उदाहरण: हरी पत्तेदार सब्जियाँ, फल, गाजर
    • यह समूह शरीर को विभिन्न रोगों से बचाने में मदद करता है और शरीर की सुरक्षा को बढ़ाता है।
  4. विटामिन और खनिज वाले पदार्थ:
    • उदाहरण: पालक, संतरा, आंवला, सेब
    • ये पदार्थ शरीर के अच्छे स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद करते हैं।
  5. जल और रेशा (फाइबर):
    • उदाहरण: खीरा, टमाटर, साबुत अनाज, सलाद
    • यह पाचन प्रक्रिया को सही तरीके से काम करने में मदद करता है और शरीर से हानिकारक पदार्थों को बाहर निकालने में सहायता करता है।

7. कुपोषण के कारण और प्रभाव बताइए।

उत्तर:

कुपोषण के कारण:

  1. असंतुलित आहार: यदि आहार में सभी आवश्यक पोषक तत्वों की कमी हो, तो कुपोषण हो सकता है।
  2. गरीबी: उचित आहार की कमी, विशेषकर विकासशील देशों में कुपोषण का मुख्य कारण है।
  3. अशिक्षा: सही आहार के बारे में जानकारी का अभाव कुपोषण का कारण बनता है।
  4. बीमारियाँ: कुछ गंभीर बीमारियाँ जैसे आंतों के रोग, पाचन समस्या आदि, शरीर में पोषक तत्वों के अवशोषण में रुकावट डालती हैं।
  5. स्वच्छता की कमी: साफ-सफाई की कमी से इंफेक्शन हो सकता है, जो पोषक तत्वों को सही तरीके से उपयोग करने में बाधा डालता है।

कुपोषण के प्रभाव:

  1. शारीरिक विकास में रुकावट: बच्चों में लंबाई और वजन का कम होना।
  2. कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता: आसानी से बीमारियों का शिकार होना।
  3. मानसिक विकास पर असर: मानसिक विकास रुक सकता है, जैसे पढ़ाई में परेशानी।
  4. कमजोरी और थकान: शरीर में ऊर्जा की कमी और लगातार थकावट महसूस होती है।
  5. रोगों के प्रति संवेदनशीलता: जैसे प्रोटीन की कमी से क्वाशियोरकर और मैरसमस जैसी बीमारियाँ होती हैं।

8. ऊर्जा देने वाले पोषक तत्वों की विशेषताएँ समझाइए।

उत्तर:
ऊर्जा देने वाले पोषक तत्व मुख्य रूप से कार्बोहाइड्रेट और वसा होते हैं। इनकी विशेषताएँ इस प्रकार हैं:

  1. कार्बोहाइड्रेट (Carbohydrates):
    • विशेषताएँ:
      • यह मुख्य ऊर्जा स्रोत होते हैं।
      • इनमें शर्करा (जैसे ग्लूकोज) और स्टार्च (जैसे चावल, गेहूं) होते हैं।
      • यह जल्दी से शरीर में ऊर्जा प्रदान करते हैं।
    • उदाहरण: चावल, गेहूं, आलू, शक्कर।
  2. वसा (Fats):
    • विशेषताएँ:
      • वसा ऊर्जा का बहुत अधिक स्रोत होते हैं।
      • यह शरीर में लंबे समय तक ऊर्जा प्रदान करते हैं।
      • यह शरीर में विटामिन A, D, E और K के अवशोषण में मदद करते हैं।
      • वसा शरीर में अतिरिक्त ऊर्जा के रूप में जमा हो सकते हैं।
    • उदाहरण: तेल, घी, मक्खन, मेवे।

नोट: वसा और कार्बोहाइड्रेट दोनों शरीर को ऊर्जा देने का काम करते हैं, लेकिन वसा अधिक ऊर्जा का स्रोत होता है।

9. कुपोषण की रोकथाम के उपाय लिखिए।

उत्तर:

  1. संतुलित आहार: सभी पोषक तत्वों (प्रोटीन, विटामिन, खनिज, कार्बोहाइड्रेट, वसा) से भरपूर संतुलित आहार का सेवन करना।
  2. स्वच्छता: खाने-पीने की चीजों की स्वच्छता का ध्यान रखें, ताकि संक्रमण न हो।
  3. पोषण शिक्षा: परिवार और समाज में पोषण के महत्व के बारे में शिक्षा देना।
  4. आहार का समय पर सेवन: नियमित समय पर भोजन करें और सही मात्रा में खाएं।
  5. विशेष आहार: यदि कोई विशेष पोषक तत्व की कमी हो तो उसे पूरा करने के लिए आहार का सेवन करें, जैसे आयरन की कमी के लिए हरी पत्तेदार सब्जियाँ, विटामिन A के लिए गाजर, आदि।

10. संतुलित आहार का महत्व समझाइए।

उत्तर: संतुलित आहार का उद्देश्य शरीर को सभी आवश्यक पोषक तत्व सही मात्रा में प्रदान करना है। इसके महत्व को इस प्रकार समझा जा सकता है:

  1. शारीरिक विकास: संतुलित आहार से बच्चों का शारीरिक विकास अच्छे से होता है, जिससे वे लंबाई और वजन में वृद्धि कर पाते हैं।
  2. स्वास्थ्य को बनाए रखना: यह शरीर को रोगों से बचाने के लिए आवश्यक पोषक तत्व प्रदान करता है, जैसे विटामिन और खनिज।
  3. ऊर्जा का स्रोत: संतुलित आहार से शरीर को आवश्यक ऊर्जा मिलती है, जिससे शारीरिक कार्य आसानी से किए जा सकते हैं।
  4. मानसिक और शारीरिक कार्यों में सहायता: संतुलित आहार मानसिक स्पष्टता और शारीरिक शक्ति बनाए रखने में मदद करता है।
  5. रोगों से सुरक्षा: संतुलित आहार शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है, जिससे आप संक्रमण और अन्य बीमारियों से बच सकते हैं।

Related Topics